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उत्तराखण्ड के दिव्यांग खिलाड़ियों का कमाल, एशियन पैरा थ्रो बॉल में जीता ब्रॉन्ज

by badhtabharat

रुड़की: अंतरराष्ट्रीय मंच पर एक बार फिर उत्तराखण्ड का नाम रोशन हुआ है। मलेशिया में आयोजित द्वितीय एशियन पैरा थ्रो बॉल चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन करते हुए रुड़की के दो दिव्यांग खिलाड़ियों ने कांस्य पदक जीतकर देश और प्रदेश को गौरवान्वित किया। खिलाड़ियों की इस उपलब्धि पर रुड़की में उनका भव्य स्वागत और सम्मान समारोह आयोजित किया गया।

आदर्शनगर स्थित रोटरी इन्टरनेशनल के डिस्ट्रिक्ट गर्वनर कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में कांस्य पदक विजेता खिलाड़ी दिग्विजय सिंह और प्रदीप कुमार का गर्मजोशी के साथ स्वागत किया गया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने खिलाड़ियों की उपलब्धि को पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय बताया।

इस अवसर पर डिस्ट्रिक्ट गर्वनर रवि प्रकाश ने कहा कि दोनों खिलाड़ियों ने अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक जीतकर रुड़की, उत्तराखंड और भारत का नाम विश्व स्तर पर ऊंचा किया है। उन्होंने कहा कि ऐसे खिलाड़ी समाज के लिए प्रेरणा हैं और उनकी सफलता युवाओं को आगे बढ़ने का संदेश देती है।

कार्यक्रम में पहुंचे पूर्व राज्यमंत्री ठाकुर संजय सिंह ने खिलाड़ियों की सराहना करते हुए कहा कि दिव्यांगता कभी भी किसी व्यक्ति की सफलता में बाधा नहीं बन सकती। उन्होंने उम्मीद जताई कि उत्तराखंड में जल्द दिव्यांग खेल नीति लागू होगी, जिससे ऐसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और अवसर मिल सकेंगे।

सम्मान समारोह के दौरान खिलाड़ियों ने अपनी सफलता का श्रेय रोटरी क्लब, अपने सहयोगियों, प्रशिक्षकों और शुभचिंतकों को दिया। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि उनके लिए एक नई शुरुआत है और भविष्य में भी वे देश के लिए बड़े स्तर पर पदक जीतने का प्रयास जारी रखेंगे।    

रुड़की के इन दोनों खिलाड़ियों की सफलता यह साबित करती है कि मजबूत इच्छाशक्ति, कठिन परिश्रम और आत्मविश्वास के बल पर किसी भी चुनौती को अवसर में बदला जा सकता है। उनकी यह उपलब्धि खेल जगत के साथ-साथ पूरे समाज के लिए प्रेरणादायक उदाहरण बन गई है।